Donald Trump के एक बयान ने भारतीय फार्मा सेक्टर में हलचल मचा दी है। उन्होंने संकेत दिया कि अमेरिका में आयात होने वाली दवाओं पर 100% तक टैरिफ लगाया जा सकता है। देसी अंदाज में—“एक बयान और मार्केट में भूचाल”।
फार्मा शेयरों में आई गिरावट
इस खबर के बाद Sun Pharmaceutical Industries, Dr. Reddy’s Laboratories, Cipla, Lupin और Biocon जैसी बड़ी कंपनियों के शेयर 2–5% तक गिर गए। साथ ही Nifty Pharma Index भी करीब 2.5% नीचे आ गया। “निवेशकों में घबराहट साफ दिखी”।
किसे होगा सबसे ज्यादा नुकसान?
जिन कंपनियों का फोकस ब्रांडेड और स्पेशलिटी दवाओं पर है, उन्हें ज्यादा असर पड़ सकता है। जैसे सन फार्मा, जो अमेरिका में ब्रांडेड दवाएं बेचती है। वहीं API बनाने वाली कंपनियों पर असर थोड़ा कम देखा गया। “जिसका अमेरिका में ज्यादा धंधा, उसी पर ज्यादा झटका”।
जनरिक दवाओं से मिलेगी राहत
भारत से अमेरिका जाने वाली 90% से ज्यादा दवाएं जनरिक होती हैं, जो सस्ती और ज्यादा इस्तेमाल में आती हैं। अच्छी बात ये है कि फिलहाल टैरिफ का फोकस ब्रांडेड दवाओं पर है। यानी “पूरा सेक्टर नहीं, कुछ हिस्से ही ज्यादा प्रभावित होंगे”।
क्या निवेशकों को घबराना चाहिए?
विशेषज्ञों का मानना है कि अभी जो गिरावट आई है, वो सिर्फ डर के कारण है, असली असर अभी साफ नहीं है। कई भारतीय कंपनियां अमेरिका में ही मैन्युफैक्चरिंग बढ़ा रही हैं, जिससे भविष्य में फायदा भी हो सकता है। “घबराने से नहीं, समझदारी से फैसला लेने का टाइम है”।





