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आमला। रेलवे स्टेशन पर संदिग्ध हालत में घूमते नाबालिग भाई-बहन को मिला सुरक्षित संरक्षण
रेलवे बुकिंग स्टाफ की सूचना पर थाना प्रभारी ने टीम के साथ की त्वरित कार्रवाई; भोपाल रेल पुलिस के वरिष्ठ अधिकारियों के निर्देशन में चलाया गया सफल सुरक्षा अभियान
रेलवे स्टेशनों पर नाबालिग बच्चों की सुरक्षा और उनकी तस्करी को रोकने के लिए चलाई जा रही विशेष मुहिम के तहत जीआरपी थाना आमला को एक बड़ी सफलता हाथ लगी है। जीआरपी पुलिस की त्वरित संवेदनशीलता और मुस्तैदी के कारण बुधवार, 26 अगस्त 2026 को रेलवे स्टेशन आमला पर भटक रहे एक नाबालिग बालक और एक अपहृत नाबालिग बालिका को सुरक्षित संरक्षण प्रदान किया गया है। पुलिस की इस तत्परता ने एक बड़े हादसे या किसी संभावित अपराध को होने से पहले ही टाल दिया।
बुकिंग स्टाफ की सतर्कता आई काम
26 अगस्त को आमला रेलवे स्टेशन के बुकिंग स्टाफ को स्टेशन परिसर में एक नाबालिग लड़का और एक लड़की अत्यंत संदिग्ध अवस्था में घूमते हुए दिखाई दिए। दोनों काफी डरे और सहमे हुए लग रहे थे। बुकिंग स्टाफ ने सूझबूझ दिखाते हुए तुरंत इसकी सूचना जीआरपी थाना प्रभारी आमला प्रमोद कुमार को दी। सूचना मिलते ही जीआरपी की टीम बिना समय गंवाए मौके पर पहुंची और दोनों बच्चों को अपनी सुरक्षा में ले लिया।
वरिष्ठ अधिकारियों के मार्गदर्शन में हुई कार्रवाई
रेल पुलिस के वरिष्ठ अधिकारियों के सख्त निर्देशों और कड़े इनपुट के आधार पर की गई। अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक (रेल, भोपाल) राजाबाबू सिंह के दिशा-निर्देशों पर पूरे प्रदेश में बालक-बालिकाओं की बरामदगी और सुरक्षा हेतु त्वरित कार्रवाई अभियान चलाया जा रहा है। इसी कड़ी में पुलिस अधीक्षक (रेल, भोपाल) अंकित जायसवाल, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक नीतू डावर और उप पुलिस अधीक्षक (इटारसी) महेंद्र सिंह कुल्हारा के कुशल नेतृत्व में आमला जीआरपी ने इस संवेदनशील मामले को बेहद गंभीरता से निपटाया।
वन स्टॉप सेंटर ‘सखी’ को सौंपा
बच्चों की काउंसिलिंग की गई, तो मामला सुरक्षा और अपहरण से जुड़ा पाया गया। जीआरपी ने त्वरित वैधानिक प्रक्रिया पूरी करते हुए बच्चों की सुरक्षा को प्राथमिकता दी। इसके बाद दोनों नाबालिगों को जिला बैतूल के महिला एवं बाल विकास विभाग के अंतर्गत संचालित ‘वन स्टॉप सेंटर (सखी)’ को सुरक्षित संरक्षण के लिए सौंप दिया गया। यहाँ विशेषज्ञों की देखरेख में बच्चों को मानसिक संबल और आगामी कानूनी सहायता प्रदान की जा रही है।
रेल पुलिस की अपील: सजग रहें नागरिक
जीआरपी अधिकारियों ने आम जनता और रेलवे स्टाफ से अपील की है कि वे स्टेशनों या ट्रेनों में किसी भी संदिग्ध बच्चे या लावारिस हालत में घूमते नाबालिगों को देखते ही तुरंत पुलिस को सूचित करें। पुलिस का कहना है कि नागरिकों और सुरक्षा एजेंसियों के बीच का यही तालमेल बच्चों के भविष्य को सुरक्षित रखने में सबसे अहम भूमिका निभाता है। जीआरपी आमला की इस त्वरित और मानवीय कार्रवाई की पूरे बैतूल जिले में सराहना की जा रही है।





