खबरवाणी
पंचायती राज से सशक्त होगा भारत, गांवों में ही बसती है लोकतंत्र की असली ताकत-अर्चना चिटनिस
बुरहानपुर। राष्ट्रीय पंचायती राज दिवस के अवसर पर शुक्रवार को जिला पंचायत सभागृह में एक गरिमामय एवं प्रभावी कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में विधायक एवं पूर्व कैबिनेट मंत्री श्रीमती अर्चना चिटनिस (दीदी) मुख्य रूप से उपस्थित रहीं और उन्होंने जनप्रतिनिधियों को संबोधित करते हुए पंचायत सशक्तिकरण के प्रति अपनी प्रतिबद्धता दोहराई। इस अवसर पर जिला पंचायत उपाध्यक्ष गजानन महाजन, जिला पंचायत सीईओ सृजन वर्मा, जिला पंचायत सदस्य दिलीप पवार, नरहरी दीक्षित, किशोर कामठे सहित अन्य जनप्रतिनिधिगण व अधिकारी-कर्मचारी, सरपंच-सचिव उपस्थित रहे।
श्रीमती अर्चना चिटनिस ने कहा कि पंचायती राज व्यवस्था भारतीय लोकतंत्र की आधारशिला है, जो शासन को गांव-गांव तक पहुंचाने का सशक्त माध्यम है। उन्होंने प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी जी के नेतृत्व में ग्राम स्वराज, डिजिटल सशक्तिकरण और ग्रामीण विकास के लिए चलाए जा रहे अभिनव प्रयासों का उल्लेख करते हुए कहा कि आज पंचायतों को अधिक अधिकार, संसाधन और तकनीकी सुविधाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं, जिससे गांवों का समग्र और आत्मनिर्भर विकास सुनिश्चित हो रहा है। साथ ही, उन्होंने मुख्यमंत्री डॉ.मोहन यादव जी के नेतृत्व में मध्यप्रदेश में पंचायतों को सशक्त बनाने के लिए किए जा रहे प्रयासों की सराहना करते हुए कहा कि राज्य सरकार गांवों के बुनियादी ढांचे, स्वच्छता, पेयजल, शिक्षा और स्वास्थ्य सेवाओं के सुदृढ़ीकरण के लिए निरंतर कार्य कर रही है।
श्रीमती अर्चना चिटनिस ने कहा भारत की आत्मा गांवों में बसती है और इसे जीवंत बनाए रखने में पंचायती राज संस्थाओं की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण है। जब पंचायतें सशक्त होंगी, तभी सच्चे अर्थों में लोकतंत्र मजबूत होगा और देश प्रगति के नए आयाम स्थापित करेगा। श्रीमती चिटनिस ने उत्कृष्ट कार्य करने वाली ग्र्राम पंचायतों को सम्मानित किया तथा विभिन्न ग्राम पंचायतों से आए सरपंचों, सचिवों एवं जनप्रतिनिधियों के साथ संवाद स्थापित किया। श्रीमती चिटनिस ने सभी से सीधे संवाद कर उनकी समस्याएं, सुझाव और अनुभव सुने तथा ग्राम विकास योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन पर विशेष जोर दिया। उन्होंने जनप्रतिनिधियों से आह्वान किया कि वे पारदर्शिता, जवाबदेही और जनभागीदारी को प्राथमिकता देते हुए अपने-अपने गांवों को आदर्श ग्राम बनाने की दिशा में कार्य करें। अपने-अपने गांवों को आत्मनिर्भर, स्वच्छ और समृद्ध बनाए-क्योंकि “पंचायत मजबूत होगी, तो देश मजबूत होगा।
श्रीमती अर्चना चिटनिस ने कहा कि पंचायती राज व्यवस्था भारत के लोकतंत्र की सबसे मजबूत नींव है, जो गांवों को सशक्त बनाकर देश के विकास को गति देती है। 24 अप्रैल का दिन हमें यह याद दिलाता है कि जब निर्णय गांव के स्तर पर लिए जाते हैं, तब विकास अधिक प्रभावी और जनहितकारी बनता है। उन्होंने कहा कि 73वें संविधान संशोधन के माध्यम से पंचायतों को जो अधिकार और जिम्मेदारियां मिली हैं, उनका उद्देश्य गांवों को आत्मनिर्भर बनाना और आमजन को शासन की प्रक्रिया में सीधे जोड़ना है। पंचायत प्रतिनिधि केवल जनप्रतिनिधि नहीं, बल्कि गांव के विकास के मार्गदर्शक होते हैं।
श्रीमती चिटनिस ने आह्वान किया कि सभी पंचायत प्रतिनिधि पारदर्शिता, जवाबदेही और जनसेवा की भावना के साथ कार्य करें तथा शिक्षा, स्वच्छता, स्वास्थ्य और आधारभूत सुविधाओं के विकास में सक्रिय भूमिका निभाएं। उन्होंने कहा कि सशक्त पंचायतें ही समृद्ध गांव और मजबूत भारत का आधार हैं।






