खबरवाणी
फतेपुर छात्रावास के सामने शराब दुकान हटाने की मांग
समाजसेवी तोताराम खंडेराव ने कलेक्टर एवं आबकारी विभाग से की शिकायत
बुरहानपुर।
जिले के फतेपुर क्षेत्र में स्थित छात्रावास के सामने संचालित शराब दुकान को हटाने की मांग तेज होती दिखाई दे रही है। समाजसेवी तोताराम खंडेराव ने कलेक्टर एवं आबकारी विभाग को शिकायत देकर छात्रावास के समीप संचालित शराब दुकान को अन्य स्थान पर स्थानांतरित करने की मांग की है। उनका कहना है कि छात्रावास के सामने शराब दुकान होने से वहां अध्ययन करने वाले छात्रों पर गलत प्रभाव पड़ रहा है तथा क्षेत्र का वातावरण भी प्रभावित हो रहा है।
शिकायतकर्ता समाजसेवी तोताराम खंडेराव ने बताया कि छात्रावास में दूर-दराज ग्रामीण क्षेत्रों से आने वाले विद्यार्थी रहकर शिक्षा ग्रहण करते हैं। ऐसे में छात्रावास के ठीक सामने शराब दुकान संचालित होना विद्यार्थियों के भविष्य और उनके मानसिक वातावरण के लिए उचित नहीं माना जा सकता। उन्होंने कहा कि छात्र प्रतिदिन पढ़ाई के लिए छात्रावास से विद्यालय एवं कोचिंग संस्थानों तक आते-जाते हैं, वहीं शराब दुकान पर आने-जाने वाले लोगों की गतिविधियों से विद्यार्थियों और अभिभावकों में चिंता का माहौल बना हुआ है।
समाजसेवी ने प्रशासन से मांग करते हुए कहा कि शिक्षा का वातावरण सुरक्षित और सकारात्मक होना चाहिए। छात्रावास, स्कूल, धार्मिक स्थल एवं सार्वजनिक संस्थानों के आसपास शराब दुकान संचालन को लेकर शासन के दिशा-निर्देश भी समय-समय पर जारी किए जाते रहे हैं। ऐसे में प्रशासन को विद्यार्थियों के हित को प्राथमिकता देते हुए इस मामले में गंभीरता से कार्रवाई करना चाहिए।
उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि कई बार क्षेत्रीय नागरिकों द्वारा मौखिक रूप से भी इस समस्या की जानकारी संबंधित विभागों तक पहुंचाई गई, लेकिन अब तक कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया। इसके बाद उन्होंने लिखित शिकायत देकर मामले में हस्तक्षेप की मांग की है। शिकायत में यह भी उल्लेख किया गया है कि छात्रावास के सामने शराब दुकान होने से अभिभावकों में असुरक्षा की भावना पैदा हो रही है तथा सामाजिक वातावरण पर भी प्रतिकूल असर पड़ रहा है। नागरिकों ने प्रशासन से मांग की है कि मामले की जांच कर उचित निर्णय लिया जाए।
वहीं दूसरी ओर आबकारी विभाग के अधिकारियों का कहना है कि यदि किसी प्रकार की लिखित शिकायत प्राप्त हुई है तो संबंधित नियमों एवं शासन के दिशा-निर्देशों के आधार पर जांच की जाएगी। जांच उपरांत नियमानुसार उचित कार्रवाई की जाएगी।
क्षेत्र के सामाजिक संगठनों एवं नागरिकों ने भी विद्यार्थियों के हित में प्रशासन से सकारात्मक निर्णय लेने की मांग की है। लोगों का कहना है कि शिक्षा और सामाजिक वातावरण को सुरक्षित बनाए रखना प्रशासन एवं समाज दोनों की जिम्मेदारी है। अब देखने वाली बात होगी कि प्रशासन इस शिकायत पर क्या कदम उठाता है।






