spot_img
HomeबैतूलBetul News : स्वास्थ्य मेले में दिखी अव्यवस्था, जनप्रतिनिधियों ने की शिकायत

Betul News : स्वास्थ्य मेले में दिखी अव्यवस्था, जनप्रतिनिधियों ने की शिकायत

चिचोली-सोमवार को नगर के स्वास्थ्य केंद्र में लगे स्वास्थ्य मेले में रहा अव्यवस्थाओं को देख कर जनप्रतिनिधियों ने उच्चाधिकारियों से शिकायत की । मरीजों की स्वास्थ्य सुविधाओं के लिए सरकार लाखों रुपए खर्च कर निशुल्क स्वास्थ्य सुविधा मिल सके लेकिन अधिकारीयो की लापवाही से चिचोली सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में सोमवार को आजादी के अमृत महोत्सव के तहत आयोजित निशुल्क स्वास्थ्य मेले में स्वास्थ्य का परीक्षण कराने वाले मरीजो को चिलचिलाती धूप में खड़े नजर आए ।

कार्यक्रम का शुभारंभ करने पहुंचे जनप्रतिनिधियों ने भी नाराजगी जाहिर की। और कहा कि निशुल्क शिविर के लिए बजट यहां पर शासन के द्वारा दिया गया था लेकिन इसके बावजूद भी सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र प्रबंधन द्वारा शिविर को लेकर गंभीरता नहीं दिखाई गई जिसके चलते चिलचिलाती धूप में स्वास्थ्य परीक्षण करने पहुंचे ग्रामीण एवं गर्भवती महिलाओं को धूप में जांच करवानी पड़ी

पूर्व भाजपा जिला अध्यक्ष अनिल सिंह कुशवहा , सांसद प्रतिनिधि मंडल अध्यक्ष उमेश पेठे , जनपद उपाध्यक्ष शंकर राव चढोकार ने शिविर का जायजा पहुंचे सीएमएचओ ए के तिवारी को शिविर में हुई अव्यवस्था एवं डॉक्टर की कमी को लेकर नाराजगी जाहिर करते हुए शिकायत की । डॉक्टर की कमी के चलते सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र ज्यादातर रिफर केंद्र बनकर रह गया है।

चिचोली सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में लोगों के स्वास्थ्य के साथ खिलवाड़ नजर आया। वैसे भी चिचोली सीएचसी में डॉक्टरों की कमी समय पर मरीजों को उपचार नहीं मिलना जैसी तमाम समस्याएं व्याप्त है । जैसे तैसे एक सीएचसी भगवान भरोसे संचालित हो रहा है । लेकिन आज जनप्रतिनिधियों नाराजगी से एक बार फिर स्पष्ट हो गया है कि चिचोली सीएचसी में बदहाल व्यवस्था होने के चलते शिविर अव्यवस्थित नजर आया ।

चिलचिलाती धूप में मरीज लंबी लंबी लाइन में खड़े रहे अपने कान का इलाज करने का मरीज किसन लाल का पंजीयन कर पर्ची लिख दी गई लेकिन दवाइयां बाहर से लाने को हवाला दिया गया । शिविर में दवाइयां उपलब्ध नहीं हो पाई अपने नंबर का इंतजार कर रही नांद्रा गांव की एक महिला के महिला को चक्कर आने गिर पड़ी ।

चिचोली के रमेश ठाकुर ने बताया कि पंजीयन करने के बाद पूरे शिविर का चक्कर लगाने पर भी उन्हें कौन से डॉक्टर उपचार करेंगे इस बात को कोई बताने वाला मौजूद नहीं था । ज्यादातर मरीज अपनी पंजीयन पर्ची लेकर घूमते नजर आए।

RELATED ARTICLES

Most Popular