Court Judgement – बैतूल – बहुचर्चित दहेज हत्या के प्रकरण में न्यायालय ने निर्णय देते हुए आरोपियों को दोषमुक्त कर दिया है। प्रकरण के अनुसार थाना आठनेर में आरोपी बबन माकोड़े एवं मीराबाई निवासी ग्राम जावरा के विरूद्ध भादसं की धारा 304 बी/34 का प्रकरण अपराध क्रं. 302/18 के तहत न्यायालय में पेश किया था।
आरोप यह था कि दोनों अपनी बहू को दहेज एवं अन्य बातों के लिए प्रताडि़त करते थे जिससे उसने कुंए में कूदकर आत्महत्या कर ली थी। माननीय न्यायालय ने भादसं की धारा 306 का भी चार्ज लगा दिया था कि ये लोग बहू को आत्महत्या के लिए उकसाने का काम करते थे।
अभियोजन ने मृतिका के पति गजानंद, बहन निर्मला, भाई संतोष भोपते, भाई गणेश बर्डे पिता नारायण बर्डे, माँ पार्वती, मामा कुडलिकराव, प्रधान आरक्षक जयपाल सिंह, डॉ. जितेंद्र अत्रे विवेचक एसडीओ पीएस ठाकुर के कथन करवाए थे।
जिला एवं अपर सत्र न्यायाधीश भैंसदेही ने अपने निर्णय में पाया कि अभियोजन आरोपियों के विरूद्ध लगाए किसी आरोप को प्रमाणित नहीं कर पाया तथा मृतिका अपने पति को सास, ससुर से अलग कर आठनेर चलकर रहने का दबाव डालती थी न माने पर उसने अपने बच्चे के साथ कुंए में कूदकर जान दे दी थी।
आरोपियों की ओर से पैरवी वरिष्ठ अधिवक्ता प्रशांत गर्ग, सजल गर्ग, महेंद्र गिरी एवं राघवेंद्र रघुवंशी ने की। माननीय न्यायालय ने दोनों आरोपियों को पूरी तरह से दोषमुक्त कर दिया।





