खबरवाणी
कृषि विज्ञान केंद्र के छात्रों ने सब्जी एवं फल मंडी का किया शैक्षिक भ्रमण
मंडी संचालन, किसानों-व्यापारियों की चुनौतियों और सुविधाओं की ली जानकारी
बुरहानपुर। कृषि विज्ञान केंद्र बुरहानपुर में ग्रामीण कृषि कार्य के अनुभव के लिए आए सेज विश्वविद्यालय इंदौर, एलएनसीटी भोपाल एवं ओरिएंटल कॉलेज के विद्यार्थियों ने महात्मा ज्योतिबा फुले सब्जी एवं फल मंडी का शैक्षिक भ्रमण किया। भ्रमण का मुख्य उद्देश्य विद्यार्थियों को मंडी के दैनिक संचालन, किसानों एवं व्यापारियों के समक्ष आने वाली चुनौतियों तथा मंडी में उपलब्ध सुविधाओं की प्रत्यक्ष जानकारी देना रहा। यह शैक्षिक भ्रमण कृषि विज्ञान केंद्र के वरिष्ठ वैज्ञानिक एवं प्रमुख डॉ. संदीप कुमार सिंह के मार्गदर्शन में आयोजित किया गया। मंडी निरीक्षक संतोष दीक्षित एवं मनीष गराड़े ने विद्यार्थियों को मंडी की कार्यप्रणाली के संबंध में विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने मंडी में कृषि उपज के आवक, नीलामी, व्यापारिक प्रक्रिया तथा किसानों के लिए उपलब्ध विभिन्न सुविधाओं के बारे में विद्यार्थियों को समझाया।
किसानों और व्यापारियों से किया संवाद
भ्रमण के दौरान विद्यार्थियों ने मंडी में मौजूद किसानों एवं व्यापारियों से बातचीत कर कृषि उपज के विपणन से जुड़ी व्यावहारिक जानकारी प्राप्त की। विद्यार्थियों ने किसानों को मिलने वाली सुविधाओं, उपज की बिक्री की प्रक्रिया और व्यापारियों के सामने आने वाली समस्याओं को समझने का प्रयास किया। इस दौरान विद्यार्थियों ने अपनी जिज्ञासाओं से जुड़े कई सवाल भी रखे, जिनका संबंधित अधिकारियों, किसानों एवं व्यापारियों द्वारा संतोषजनक जवाब दिया गया।
रासायनिक प्रयोग को लेकर जताई चिंता
भ्रमण के दौरान विद्यार्थियों ने कृषि उपज में रासायनिक पदार्थों के अत्यधिक प्रयोग को लेकर भी चिंता व्यक्त की। विद्यार्थियों ने व्यापारियों के साथ चर्चा में कहा कि रासायनिक पदार्थों के अनुचित एवं अत्यधिक प्रयोग से फल एवं सब्जियों की गुणवत्ता, स्वाद और भंडारण क्षमता पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ सकता है। उन्होंने सुरक्षित एवं संतुलित कृषि पद्धतियों को बढ़ावा देने की आवश्यकता बताई। विद्यार्थियों ने यह भी कहा कि खाद्य पदार्थों में रसायनों के अनुचित उपयोग से उपभोक्ताओं के स्वास्थ्य पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ने की आशंका रहती है। हालांकि किसी विशेष बीमारी को केवल रासायनिक प्रयोग से जोड़ने के बजाय इस विषय में वैज्ञानिक जांच और विशेषज्ञों की सलाह को आवश्यक बताया गया। व्यापारियों ने भी खाद्य सुरक्षा एवं उपभोक्ताओं के स्वास्थ्य से जुड़े इस विषय पर गंभीरता से ध्यान देने तथा नियमों के अनुसार आवश्यक कार्रवाई की आवश्यकता पर जोर दिया।
व्यावहारिक ज्ञान से विद्यार्थियों को मिला लाभ
कृषि विज्ञान केंद्र के इस प्रयास से विद्यार्थियों को कृषि विपणन की वास्तविक परिस्थितियों को करीब से समझने का अवसर मिला। कक्षा में प्राप्त सैद्धांतिक ज्ञान के साथ मंडी की व्यावहारिक व्यवस्था देखने से विद्यार्थियों में किसानों और व्यापारियों की समस्याओं के प्रति संवेदनशीलता बढ़ी। विद्यार्थियों ने मंडी में कृषि उपज के आवागमन से लेकर उसके व्यापार तक की प्रक्रिया को समझा। साथ ही किसानों की उपज को उचित बाजार उपलब्ध कराने, गुणवत्तापूर्ण कृषि उत्पादन तथा सुरक्षित खाद्य पदार्थों की आपूर्ति के महत्व पर भी चर्चा हुई।
25 विद्यार्थियों ने लिया भाग
कृषि विज्ञान केंद्र द्वारा आयोजित यह शैक्षिक भ्रमण विद्यार्थियों के लिए ज्ञानवर्धक एवं प्रेरणादायक रहा। आयोजकों के अनुसार ऐसे भ्रमण विद्यार्थियों को कृषि क्षेत्र की वास्तविक चुनौतियों और संभावनाओं से परिचित कराने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। इससे भविष्य में कृषि वैज्ञानिकों, शिक्षकों एवं कृषि क्षेत्र से जुड़े विद्यार्थियों को व्यावहारिक अनुभव प्राप्त करने में मदद मिलेगी।
कार्यक्रम में कुल 25 विद्यार्थियों ने भाग लिया। आयोजन को कृषि शिक्षा को व्यावहारिक, रोजगारोन्मुखी और क्षेत्रीय आवश्यकताओं से जोड़ने की दिशा में एक सार्थक पहल बताया गया।





