Search ई-पेपर ई-पेपर WhatsApp

मुलतापी की विरासत, संस्कृति और भविष्य को डिजिटल दुनिया तक पहुंचा रहे 35 क्रिएटर्स

By
On:

खबरवाणी

मुलतापी की विरासत, संस्कृति और भविष्य को डिजिटल दुनिया तक पहुंचा रहे 35 क्रिएटर्स

 

मुलताई में मुलतापी रील मेकिंग प्रतियोगिता सीजन-3 का रोमांच चरम पर

 

मुलताई। माँ ताप्ती की पावन नगरी

मुलतापी की ऐतिहासिक विरासत, संस्कृति और पहचान को डिजिटल प्लेटफॉर्म के माध्यम से देश-दुनिया तक पहुंचाने के उद्देश्य से इंफ्लूएंसर ग्रुप एवं हमदर्द ग्रुप द्वारा लगातार मूलतापी रील मेकिंग प्रतियोगिता का आयोजन किया जा रहा है। इसी कड़ी में अगस्त माह में प्रतियोगिता के सीजन-3 का आयोजन किया गया है, जिसमें इस बार बड़ी संख्या में स्थानीय और बाहरी क्रिएटर्स ने उत्साहपूर्वक भाग लिया।प्रतियोगिता के लिए 10 अगस्त से 20 अगस्त तक नामांकन प्रक्रिया आयोजित की गई, जिसमें कुल 35 क्रिएटर्स ने अपना पंजीयन कराया। खास बात यह रही कि प्रतियोगिता में केवल मुलताई के ही नहीं, बल्कि आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों के साथ बैतूल, छिंदवाड़ा, पांढुर्णा और नागपुर (महाराष्ट्र) से भी क्रिएटर्स शामिल हुए।प्रतियोगिता के तीसरे सीजन के लिए “मूलतापी की विरासत, संस्कृति और भविष्य” विषय निर्धारित किया गया था। इसी विषय को केंद्र में रखते हुए प्रतिभागियों ने 21 से 23 अगस्त तक मुलताई पहुंचकर माँ ताप्ती के तट, शहर की विरासत, धार्मिक एवं सांस्कृतिक पहचान और भविष्य की संभावनाओं को अपने कैमरे, मोबाइल और ड्रोन के माध्यम से फिल्माया।तीन दिनों तक चले इस रचनात्मक अभियान में प्रतिभागियों ने एक से बढ़कर एक वीडियो तैयार किए। इन वीडियो में मूलतापी की संस्कृति और विरासत को आधुनिक डिजिटल अंदाज में प्रस्तुत करने का प्रयास किया गया है।

 

इंस्टाग्राम पर जारी हुईं सभी रील्स

 

सोमवार 24 अगस्त को सभी प्रतिभागियों ने अपनी-अपनी रील्स सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म इंस्टाग्राम पर अपलोड कर दी हैं। वीडियो सामने आने के बाद इन्हें सोशल मीडिया यूजर्स द्वारा देखा और सराहा जा रहा है।आयोजकों ने बताया कि प्रतियोगिता में शामिल सभी वीडियो अब इंस्टाग्राम पर उपलब्ध हैं और देश-दुनिया में कहीं से भी इन्हें देखा जा सकता है।

 

29 अगस्त तक जनता करेगी पसंद की रील को वोट

 

आज से शनिवार 29 अगस्त तक ऑनलाइन वोटिंग की प्रक्रिया चलेगी। इस दौरान जनमानस प्रतियोगिता में शामिल सभी वीडियो देखकर अपनी पसंद की रील को वोट कर सकता है।

आयोजकों का उद्देश्य केवल प्रतियोगिता कराना नहीं, बल्कि डिजिटल माध्यम से माँ ताप्ती, मूलतापी की विरासत और स्थानीय संस्कृति को नई पीढ़ी एवं देश-दुनिया तक पहुंचाना भी है।

 

30 अगस्त को होगा भव्य समापन

 

प्रतियोगिता का समापन कार्यक्रम 30 अगस्त को मुलताई के स्टेशन रोड स्थित साँवरिया लॉन में दोपहर 12 बजे से आयोजित किया जाएगा। कार्यक्रम में इंफ्लूएंसर मीट, रील्स का जजमेंट और पुरस्कार वितरण होगा।इस अवसर पर मुलताई एवं आसपास के क्षेत्रों के साथ-साथ बाहर से भी कुछ बड़े क्रिएटर्स को आमंत्रित किया गया है। ये अनुभवी क्रिएटर्स क्षेत्र में सोशल मीडिया के क्षेत्र में आगे बढ़ रहे नए और उभरते हुए क्रिएटर्स को कंटेंट क्रिएशन, सोशल मीडिया और डिजिटल प्लेटफॉर्म से जुड़ी महत्वपूर्ण जानकारियां एवं मार्गदर्शन देंगे।

 

मूलतापी रील मेकिंग प्रतियोगिता का सीजन-3 अब केवल एक प्रतियोगिता नहीं, बल्कि मूलतापी की पहचान को डिजिटल दुनिया में स्थापित करने की एक रचनात्मक पहल बनता दिखाई दे रहा है। 35 क्रिएटर्स द्वारा तैयार की गईं ये रील्स आने वाले दिनों में मूलतापी की विरासत और संस्कृति को सोशल मीडिया के जरिए नई पहचान देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकती हैं।

For Feedback - feedback@example.com
Home Icon Home E-Paper Icon E-Paper Facebook Icon Facebook Google News Icon Google News