खबरवाणी
राष्ट्रीय सेवा योजना
सात दिवसीय विशेष शिविर
(दिनांक 08/02/2026)
डॉ. भीमराव अंबेडकर शासकीय महाविद्यालय आमला की राष्ट्रीय सेवा योजना की संयुक्त इकाई द्वारा आयोजित सात दिवसीय विशेष आवासीय शिविर के चतुर्थ दिवस की शुरुआत प्रभात फेरी के साथ की गई जिसमें स्वयंसेवकों ने “हरे राम-हरे राम, हरे कृष्णा-हरे कृष्णा”, “नौजवान आओ रे” तथा “उठ जाग मुसाफ़िर भोर भई” जैसे भजनों के माध्यम से ग्रामवासियों को जागरूक किया और सकारात्मक संदेश दिया। परियोजना कार्य के अंतर्गत स्वच्छता जागरूकता रैली निकाली गई। इस दौरान स्वयंसेवकों ने नुक्कड़ नाटक के माध्यम से स्वच्छता का संदेश दिया तथा लोगों को स्वच्छ वातावरण बनाए रखने के लिए प्रेरित किया। इसके पश्चात, शिविर स्थल पर योग और व्यायाम का सत्र आयोजित किया गया, जहाँ स्वयंसेवकों को शारीरिक और मानसिक स्वास्थ्य का महत्व समझाया गया।
बौद्धिक सत्र में जागरूकता कार्यक्रम में स्वयंसेवकों को बेटी बचाओ और बेटी पढ़ाओ के प्रति जागरूक किया गया। कार्यक्रम में “बेटी बचाओ और बेटी पढ़ाओ” शीर्षक पर विशेष अतिथि प्रोफेसर लोकेश झरबड़े, ने अपना व्याख्यान दिया। पुस्तकालय अध्यक्ष श्री सतीश बागड़े ने संविधान के मौलिक अधिकारों के बारे में विस्तृत चर्चा की। कार्यक्रम अधिकारी डॉ. जगदीश पटैया ने बताया कि बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ योजना भारत सरकार द्वारा 22 जनवरी 2015 को शुरू की गई एक महत्वपूर्ण पहल है। इसका उद्देश्य लड़कियों की घटती संख्या को रोकना और उनकी शिक्षा को बढ़ावा देना है। आज भी कई जगहों पर लड़कियों को बोझ समझा जाता है और उन्हें शिक्षा से वंचित रखा जाता है। इस योजना के तहत सरकार लड़कियों के जन्म, सुरक्षा और शिक्षा को प्रोत्साहित करती है, ताकि वे आत्मनिर्भर बन सकें और समाज में सम्मानजनक स्थान प्राप्त कर सकें। डॉ. उमेश डोंगरे ने अपने व्याख्यान में बताया कि लड़कियों को शिक्षित करना सिर्फ एक परिवार ही नहीं, बल्कि पूरे देश के विकास के लिए जरूरी है। इस योजना से समाज में जागरूकता बढ़ रही है और बेटियों का भविष्य उज्जवल हो रहा है।। कार्यक्रम अधिकारी प्रोफेसर निधि द्विवेदी, ने बताया कि सरकार ने इस योजना के तहत लड़कियों की शिक्षा, सुरक्षा और भविष्य के लिए कई कदम उठाए हैं। सुकन्या समृद्धि योजना के तहत माता-पिता अपनी बेटियों के लिए आर्थिक बचत कर सकते हैं। सरकारी स्कूलों में लड़कियों को मुफ्त शिक्षा, छात्रवृत्ति और अन्य सुविधाएं दी जा रही हैं। सरकार जागरूकता अभियान, रैलियां और विज्ञापन के माध्यम से लोगों को बेटियों की पढ़ाई और सुरक्षा के लिए प्रेरित कर रही है। कार्यक्रम की अध्यक्षता स्वयंसेवक प्रभात सिंह, मुख्य अतिथि स्वयंसेविका मोनिका बिंजाडे और विशिष्ट अतिथि स्वयंसेविका पिंकी विश्वकर्मा ने की। मंच का सफल संचालन स्वयंसेविका ईशा नरवरे ने किया तथा बौद्धिक सत्र में आए अतिथियों के प्रति आभार दल नायक स्नेहा पवार ने व्यक्त किया। इसके पश्चात सभी स्वयंसेवकों को रासेयो के खेल खिलाएं गए।





