IndiGo: बीते कुछ दिनों से IndiGo Airlines की उड़ानें लगातार तकनीकी दिक्कतों और ऑपरेशनल गड़बड़ियों के कारण बिगड़ती जा रही थीं। लेकिन अब एयरलाइन धीरे-धीरे फिर अपने ट्रैक पर लौटती नज़र आ रही है। नागरिक उड्डयन मंत्रालय के मुताबिक, रविवार तक कुल 1,650 फ्लाइट्स ऑपरेट होने की उम्मीद जताई गई है। शुक्रवार को जहां सिर्फ 706 फ्लाइट्स चली थीं, वहीं शनिवार को यह संख्या बढ़कर 1,565 हो गई।
यात्रियों को बड़ी राहत – ₹610 करोड़ का रिफंड जारी
सरकार के आदेश के बाद IndiGo ने तेज़ी दिखाते हुए अब तक ₹610 करोड़ का रिफंड यात्रियों को लौटा दिया है। यह रिफंड उन सभी यात्रियों को दिया गया है जिनकी फ्लाइट्स कैंसिल या डिले हुई थीं।इतना ही नहीं, एयरलाइन ने यात्रियों के 3,000 खोए हुए बैग भी ढूँढकर उनके घर तक पहुँचाए हैं। इस कदम ने परेशान यात्रियों को बड़ी राहत दी है।
CEO का मैसेज – “हम और मज़बूत बनकर लौटेंगे”
IndiGo के CEO पीटर एल्बर्स ने कर्मचारियों को ईमेल भेजकर स्थिति समझाई और भरोसा दिलाया कि एयरलाइन मुश्किल वक्त से निकलकर और मजबूत होकर उभरेगी। उन्होंने बताया कि एयरलाइन की ऑन-टाइम परफॉर्मेंस (OTP) जो शनिवार को सिर्फ 30% तक गिर गई थी, वह बढ़कर करीब 75% पर पहुँच गई है।
यह सुधार दिखाता है कि एयरलाइन ने बैकएंड में बड़ी मेहनत की है।
सरकार का सख्त रुख – 48 घंटे में रिफंड और बैग डिलीवरी का आदेश
जब हालात बिगड़ने लगे तो केंद्र सरकार ने सख्ती दिखाते हुए सभी एयरलाइनों को आदेश दिया कि:
- सभी कैंसिल/डिले यात्रियों को 48 घंटे के भीतर फुल रिफंड दिया जाए
- जिन यात्रियों के बैग मिसिंग हैं, उन्हें घर तक बैग पहुँचाए जाएँ
सरकार ने यह भी चेतावनी दी कि आदेश न मानने पर कार्रवाई की जाएगी।
किराए पर ब्रेक – सरकार ने लगाए Fare Caps
IndiGo की गड़बड़ी का फायदा उठाकर बाकी एयरलाइनों ने टिकटों के दाम आसमान पर पहुँचा दिए थे। कई यात्रियों से मनमाने किराए वसूले जा रहे थे। इसके बाद सरकार ने फौरन हस्तक्षेप किया और दूरी के हिसाब से किराए तय किए:
- 500 किमी तक – ₹7,500
- 500–1,000 किमी – ₹12,000
- 1,000–1,500 किमी – ₹15,000
- 1,500+ किमी – ₹18,000
अब एयरलाइंस इससे ज़्यादा किराया नहीं ले सकतीं।





