मिडिल ईस्ट में जारी तनाव और युद्ध जैसे हालात के कारण Central Board of Secondary Education (CBSE) ने एक बड़ा फैसला लिया है। बोर्ड ने वहां स्थित कई देशों में आयोजित होने वाली CBSE 12वीं बोर्ड परीक्षाओं को रद्द करने का निर्णय लिया है। लगातार बिगड़ते हालात और सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए यह कदम उठाया गया है। आइए आसान और देसी अंदाज में समझते हैं पूरा मामला।
युद्ध के कारण परीक्षा कराना हुआ मुश्किल
मिडिल ईस्ट में इन दिनों हालात काफी तनावपूर्ण बने हुए हैं। कई जगहों पर युद्ध जैसी स्थिति और सुरक्षा खतरे को देखते हुए स्कूलों में सामान्य गतिविधियां भी प्रभावित हो रही हैं। ऐसे में CBSE के लिए वहां परीक्षाओं का आयोजन करना आसान नहीं था। बोर्ड ने कहा कि छात्रों और शिक्षकों की सुरक्षा सबसे पहली प्राथमिकता है। इसलिए मौजूदा हालात में परीक्षा कराना संभव नहीं है।
किन-किन देशों में रद्द हुई CBSE परीक्षा
CBSE ने जिन देशों में 12वीं की परीक्षाएं रद्द की हैं उनमें Bahrain, Iran, Kuwait, Oman, Qatar, Saudi Arabia और United Arab Emirates शामिल हैं। इन देशों में बड़ी संख्या में भारतीय छात्र CBSE से पढ़ाई करते हैं। लेकिन मौजूदा हालात को देखते हुए बोर्ड ने परीक्षा रद्द करने का फैसला लेना ही सही समझा।
कई बार टली थीं परीक्षाएं
दरअसल CBSE ने पहले इन परीक्षाओं को पूरी तरह रद्द नहीं किया था। पहले 1 मार्च, 3 मार्च, 5 मार्च, 7 मार्च और 9 मार्च को होने वाली परीक्षाओं को बार-बार टाल दिया गया था। हालात सुधरने की उम्मीद में बोर्ड ने लगभग पांच बार परीक्षा की तारीख आगे बढ़ाई। लेकिन जब स्थिति में सुधार नहीं हुआ तो आखिरकार बोर्ड को यह बड़ा फैसला लेना पड़ा।
स्कूलों और अधिकारियों से ली गई सलाह
CBSE ने यह फैसला अकेले नहीं लिया। बोर्ड ने इन देशों में मौजूद CBSE से जुड़े स्कूलों और स्थानीय शिक्षा अधिकारियों से बातचीत की। वहां से मिली रिपोर्ट में भी यही कहा गया कि मौजूदा हालात में परीक्षा कराना छात्रों के लिए सुरक्षित नहीं होगा। इन सुझावों और रिपोर्ट को ध्यान में रखते हुए बोर्ड ने आखिरकार परीक्षा रद्द करने का ऐलान कर दिया।
छात्रों के रिजल्ट को लेकर आगे क्या होगा
अब सबसे बड़ा सवाल यह है कि जिन छात्रों की परीक्षाएं रद्द हुई हैं उनका रिजल्ट कैसे बनेगा। बोर्ड जल्द ही इसको लेकर अलग से गाइडलाइन जारी कर सकता है। संभावना है कि छात्रों का रिजल्ट इंटरनल असेसमेंट, प्रैक्टिकल मार्क्स और पिछले प्रदर्शन के आधार पर तैयार किया जाए। फिलहाल छात्रों और अभिभावकों को बोर्ड की आधिकारिक घोषणा का इंतजार करना होगा।
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