उत्तर कोरिया के सुप्रीम लीडर किम जोंग उन ने अपनी लगभग 13 साल की बेटी किम जू-ए (Kim Ju Ae) को अपना संभावित उत्तराधिकारी चुना है। यह खुलासा दक्षिण कोरिया की नेशनल इंटेलिजेंस सर्विस (NIS) ने किया है। हाल के महीनों में किम जू-ए को बड़े-बड़े सैन्य कार्यक्रमों, मिसाइल टेस्ट और सरकारी आयोजनों में अपने पिता के साथ बार-बार देखा गया है। इस वजह से दुनियाभर में चर्चा तेज हो गई है कि क्या वाकई वही उत्तर कोरिया की अगली शासक बनने वाली हैं।
किम जू-ए कौन हैं?
किम जू-ए का जन्म 2010 के शुरुआती वर्षों में हुआ माना जाता है। उत्तर कोरिया की सरकार ने कभी आधिकारिक तौर पर उनकी जन्मतिथि या उम्र की पुष्टि नहीं की। वहां की हुकूमत अपने परिवार से जुड़ी जानकारी को बेहद गुप्त रखती है।
बताया जाता है कि किम जू-ए ने किसी औपचारिक स्कूल में पढ़ाई नहीं की। उनकी पढ़ाई घर पर ही प्योंगयांग में हुई। उन्हें घुड़सवारी, स्कीइंग और तैराकी जैसी गतिविधियों की ट्रेनिंग दी गई। यानी बचपन से ही उन्हें खास तरीके से तैयार किया जा रहा है।
सार्वजनिक कार्यक्रमों में बढ़ती मौजूदगी
किम जू-ए पहली बार 2022 में सार्वजनिक रूप से तब दिखीं जब वह अपने पिता के साथ इंटरकॉन्टिनेंटल बैलिस्टिक मिसाइल (ICBM) के परीक्षण के दौरान नजर आईं। इसके बाद से वह कई सैन्य परेड, मिसाइल लॉन्च और बड़े सरकारी कार्यक्रमों में अपने पिता के साथ दिखाई दीं।
उत्तर कोरियाई मीडिया उन्हें “ह्यांगदो” जैसे विशेष शब्दों से संबोधित करता है, जो आमतौर पर उत्तराधिकारी के लिए इस्तेमाल किया जाता है। इससे अटकलें और भी तेज हो गई हैं।
इतिहास में पहली बार बेटी को उत्तराधिकारी?
उत्तर कोरिया के इतिहास में अब तक हमेशा पुरुष उत्तराधिकारी ही चुने गए हैं। किम वंश की परंपरा में यह पहली बार होगा जब किसी बेटी को सत्ता की गद्दी सौंपी जाएगी।
पहले माना जा रहा था कि किम जोंग उन की बहन किम यो-जोंग को सत्ता मिल सकती है। लेकिन अब तस्वीर साफ होती दिख रही है कि बेटी किम जू-ए को आगे लाया जा रहा है।
चीन दौरा और अंतरराष्ट्रीय संकेत
पिछले साल सितंबर में किम जू-ए अपने पिता के साथ चीन भी गई थीं। यह उनका पहला विदेशी दौरा माना जाता है। इतने कम उम्र में अंतरराष्ट्रीय मंच पर मौजूदगी यह दिखाती है कि उन्हें भविष्य के नेता के तौर पर तैयार किया जा रहा है।
अब सबकी नजर उत्तर कोरिया की पार्टी कांग्रेस पर है, जो हर पांच साल में होती है। अगर किम जू-ए वहां प्रमुख भूमिका में दिखती हैं, तो यह साफ संकेत होगा कि सत्ता की कमान आने वाले समय में उनके हाथों में जा सकती है।
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