Spiritual News: बागेश्वर धाम के प्रमुख आचार्य धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री ने शुक्रवार से अपनी ऐतिहासिक वृंदावन पदयात्रा की शुरुआत कर दी है। यह यात्रा लगभग 145 से 150 किलोमीटर लंबी होगी और दिल्ली, हरियाणा व उत्तर प्रदेश से होते हुए श्री बांके बिहारी मंदिर, वृंदावन तक पहुंचेगी। बाबा बागेश्वर का कहना है कि यह पदयात्रा हिंदू एकता, सामाजिक सद्भाव और राष्ट्रप्रेम का संदेश देने के लिए निकाली गई है।
बाबा बागेश्वर की 10 दिन की पदयात्रा की शुरुआत
यह यात्रा 7 नवंबर 2025 से शुरू होकर 16 नवंबर 2025 तक चलेगी। बाबा बागेश्वर ने बताया कि यह यात्रा आद्या कात्यायनी मंदिर, छतरपुर (दिल्ली) से प्रारंभ होकर श्री बांके बिहारी मंदिर, वृंदावन (उत्तर प्रदेश) तक जाएगी। हर दिन की शुरुआत राष्ट्रीय गान और हनुमान चालीसा से होगी। बाबा ने कहा – “यह यात्रा किसी के खिलाफ नहीं, बल्कि हिंदू एकता और सनातन संस्कृति की रक्षा के लिए है।”
सात संकल्प जो दिलवाएंगे बाबा बागेश्वर
इस पदयात्रा के दौरान बाबा बागेश्वर अपने अनुयायियों से सात संकल्प (Seven Resolutions) लेने को कह रहे हैं। ये संकल्प सामाजिक, धार्मिक और राष्ट्रीय भावना को मजबूत करने वाले हैं।
पहला संकल्प – यमुना नदी का शुद्धिकरण
बाबा बागेश्वर का पहला संकल्प है कि यमुना नदी का जल फिर से निर्मल और शुद्ध बनाया जाए। उन्होंने सरकारों से आग्रह किया कि यमुना के जल को इतना स्वच्छ बनाया जाए कि हमारे बांके बिहारी लाल उसमें स्नान कर सकें।
दूसरा संकल्प – ब्रजभूमि की रक्षा
बाबा का दूसरा संकल्प है कि ब्रजधाम की पवित्र भूमि अपने मूल स्वरूप में बनी रहे। ब्रज की मिट्टी, मंदिर और परंपराओं की रक्षा करना हर हिंदू का कर्तव्य है।
तीसरा से सातवां संकल्प – हिंदू एकता और गौ संरक्षण का संदेश
तीसरा संकल्प – सामाजिक सद्भावना और भाईचारा कायम रहना चाहिए।
चौथा संकल्प – भारत को हिंदू राष्ट्र घोषित किया जाए।
पांचवां संकल्प – विचारों की क्रांति लानी है, तलवारों की नहीं।
छठा संकल्प – लव जिहाद पर रोक लगाई जाए।
सातवां संकल्प – गौ माता को राष्ट्रमाता का दर्जा दिया जाए और गौ अभयारण्य स्थापित हों।
50 हजार से ज्यादा भक्त शामिल होंगे यात्रा में
इस पदयात्रा में देशभर से 50 हजार से अधिक श्रद्धालुओं के शामिल होने की संभावना है। बाबा बागेश्वर ने कहा, “हमारे पास देश के हर कोने से 40 हजार से ज्यादा लोगों ने पहले ही रजिस्ट्रेशन कराया है। हम हर गांव और गली तक पहुंच रहे हैं। हमारा लक्ष्य है हिंदू एकता और सनातन धर्म की मजबूती।”





