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20 साल से नहीं बनी जवाहर वार्ड में इंदिरा बस्ती की सडक़, टेंडर के बाद अब एग्रीमेंट की प्रक्रिया में उलझी

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20 साल से नहीं बनी जवाहर वार्ड में इंदिरा बस्ती की सडक़, टेंडर के बाद अब एग्रीमेंट की प्रक्रिया में उलझी

सडक़ और नाली के लिए जनसुनवाई तक में दरवाजा खटखटा चुके हैं वार्ड के रहवासी

भाजपा विजय भवन प्रदेश कार्यालय के सामने इंदिरा बस्ती के हालात, न सडक़ है न नाली…

सांध्य दैनिक खबरवाणी, बैतूल

बैतूल शहर के वार्डों में चल रहे निर्माण और विकास के कार्यों में कांग्रेसी वार्डों से भेदभाव किया जा रहा है, ये कहना है कि जवाहर वार्ड की इंदिरा बस्ती के लोगों का। वार्डवासी बताते हैं कि जनसुनवाई तक में आवेदन देने के बाद भी जवाहर वार्ड की इंदिरा बस्ती में पिछले 20 साल से सडक़ और नाली का निर्माण नहीं हुआ है। वार्डवासियों का आरोप ह कि यह भारतीय जनता पार्टी कार्यालय के सामने जवाहर वार्ड की इस इंदिरा बस्ती को कांग्रेसी बस्ती माना जाता है इसलिए यहां निर्माण और विकास कार्यों में भेदभाव किया जा रहा है।
वार्डवासी अलीमुद्दीन ने बताया कि पिछले चार पार्षदों के कार्यकाल में इस बस्ती में न तो सडक़ बनाई गई और न ही नालियों के निर्माण पर ध्यान दिया गया। स्ट्रीट लाइट भी कई बार कहने के बाद लगाई गई है जो कई लाइट्स फ्यूज हो जाते हैं तो महीनों नहीं बदले जाते जिससे वार्ड में अंधेरा रहता है। छोटे-छोटे बच्चे और महिलाओं सहित बुजुर्ग खराब सडक़े के कारण गिरकर घायल हो जाते हैं, सडक़ नहीं होने के कारण बारिश के समय गलियों में नाले जैसा पानी का बहाव रहता है, यदि प्रॉपर नालियां और सडक़ बन जाए तो वार्डवासियों को सहूलियत होगी। उन्होंने कहा कि यदि कांग्रेसी माना जाता है कि तो फिर इस वार्ड से भाजपा का पार्षद चुनाव कैसे जीता है। वार्डवासियों ने बताया कि छोटे-छोटे बच्चे स्कूल जाते समय गिट्टी-पत्थरों में लडख़ड़ाकर गिर जाते हैं जिससे वे घायल हो जाते हैं, जबकि यहां से वाहनों को निकलने में भी भारी परेशानियों का सामना करना पड़ता है, सार्वजनिक आयोजनों में सबसे ज्यादा परेशानियां उठानी पउ़ती है।

भेदभाव हो नहीं रहा, दिखाई भी दे रहा है, वार्ड में हाथी नाले की दूसरी तरफ सीमेंट और पेवर ब्लॉक की सडक़

कांग्रेसी बस्ती मानते हैं इसलिए भेदभाव

जवाहर वार्ड की इंदिरा बस्ती के वार्डवासी नाज परवीन, शकीला बानो, शकूर, नाजमीन, हमीदा बात्तों जमीला बानो, रजिया बानो, शाहिदा परवीन, आर्बदा, नसरीन का कहना है कि इंदिरा बस्ती को कांग्रेसी माना जाता है इसलिए उनके साथ सालों से यह भेदभाव किया जा रहा है। मूलभूत सुविधाओं से उन्हें दूर कर दिया गया है। ना सडक़ है ना नाली, उबड़ खाबड सडक़ पर बच्चे गिर जाते हैं, गाडिया नहीं चल पाती। जबकि पार्षद चुनाव के समय देखा जाए तो सबसे ज्यादा भाजपा को वोट इसी बस्ती से दिए गए हैं फिर हमें कांग्रेस क्यों माना जाता है।

इसी बस्ती के दूसरे हिस्से में सारी सुविधाएं मौजूद

इंदिरा बस्ती हाथी नाले के गंज क्षेत्र की ओर है, बस्ती का दूसरा हिस्सा नाले के सदर क्षेत्र की तरफ है। जिसे भाजपाई बस्ती माना जाता है, यहां बाकायदा सीमेंट सडक बनी है, जहा पर सडक़ नहीं बन सकती वहा पेबल ब्लॉक लगाकर गलियों तक में सडक़ बनाई गई है, बैंच लगों है, हैंडपंपों के आस-पास सीमेंट के चबूतरे है, लेकिन इंदिरा बस्ती के गंज क्षेत्र के हालात बद से बदतर हो चुके हैं। पानी थमने से मच्छर पनप रहे हैं जो मलेरिया और वायरल बीमारी का प्रकोप बनते जा रहे हैं।

भेदभाव जैसी कोई बात नहीं
भाजपा कार्यालय के सामने जो इंदिरा बस्ती की सडक़ और नाली का मामला है मैं उसे दिखवाता हूं। भारतीय जनता पार्टी में कांग्रेसी वार्ड होने को लेकर भेदभाव जैसी कोई बात नहीं है, सबसे ज्यादा काम इस समय बैतूल शहर के कांग्रेसी वार्डों में ही किए जा रहे हैं। मैं जल्दी ही दिखाता हूं।
-सुधाकर पवार, भाजपा जिलाध्यक्ष

मटेरियल पहुंचाने में समस्या
सडक़ और नाली का मामला मेरे संज्ञान में है, इसके अलावा यहां हाथी नाले पर पुल भी स्वीकृत है, लेकिन कॉलोनी से मटेरियल ले जाने की जगह नहीं होने के कारण भी परेशानियां आ रही हैं, जिस भी ठेकेदार के पास काम का टेंडर है मैं बातचीत करके मामला दिखवाता हूं।
– विकास मिश्रा, गंज मंडल अध्यक्ष भाजपा

निर्माण प्राथमिकता में है
पीआईसी से प्रस्ताव होने के बाद सडक़ के टेंडर हो चुके हैं, एग्रीमेंट होकर सडक़ का काम शुरू होगा। यदि कहीं कोई अड़चन आ रही है तो उसे दिखवाया जाएगा। इंदिरा बस्ती की सडक़ और नाली हमारी पहली प्राथमिकता में है। वार्ड में सभी क्षेत्र में विकास कार्य होंगे।
विकास प्रधान, पार्षद जवाहर वार्ड

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