वैसे तो पूरा श्रावण मास ही भगवान भोलेनाथ की पूजा के लिए अत्यंत शुभ है लेकिन श्रावण मास में पड़ने वाले सोमवार को अत्यंत मंगलकारी माना गया है। सोमवार के दिन भगवान शिव की पूजा का विशेष विधान है। इस दिन साधना करने वाले साधक पर भगवान शिव की विशेष कृपा बरसती है। 26 जुलाई को सावन का पहला सोमवार और इस दिन 2 बहुत शुभ योग बनने जा रहे हैं जिससे इस सोमवार का महत्व और भी बढ़ गया है। सावन के पहले सोमवार यानि 26 जुलाई को रात 10 बजकर 40 मिनट तक सौभाग्य योग रहेगा। इसके बाद शोभन योग लग जाएगा।

ये दोनों योग बहुत ही शुभ फलदायी होते हैं और शास्त्रों में ज्योतिष में भी इन लोगों को बहुत महत्वपूर्ण माना गया है। हमारे शास्त्रों में सौभाग्य योग को बहुत ही शुभ व कल्याणकारी माना जाता है। इस योग में किए जाने वाले शुभवा मांगलिक कार्य भी बहुत सफल रहते हैं । लेकिन फिलहाल इस योग में शादियां नहीं हो सकती क्योंकि चतुर्मास चल रहा है और 20 जुलाई से शादियों पर रोक लग गई है। सौभाग्य योग में नया व्यापार और व्यवसाय शुरू करने को काफी शुभ माना जाता है। ऐसा व्यवसाय बहुत सफल रहता है और काफी प्रगति करता है।

सावन के पहले सोमवार में शोभन योग भी बन रहा है। यह योग भी बहुत महत्वपूर्ण होता है और इसे अत्यंत शुभ और मंगलकारी माना जाता है। शोभन योग शुभ कार्य और यात्रा के लिए काफी अच्छा माना जाता है। इस योग में शुरू की गई यात्रा मंगलमय होती है। शोभन योग को धार्मिक कार्यों को करने के लिए भी शुभ माना गया है। इस योग में किए गए समस्त धार्मिक अनुष्ठान सफल होते हैं।

सावन का पहला सोमवार 26 जुलाई को पड़ रहा है। इस दिन कुछ विशेष उपाय करने से भक्तों को मनचाहा फल प्राप्त होगा। घर के सभी क्लेशों से छुटकारा मिलेगा । साथ ही सभी इच्छाएं भी पूरी होंगी। ऐसे में 26 जुलाई को सावन के पहले सोमवार के दिन सुबह स्नान कर भगवान शिव की अराधना करनी चाहिए।

भगवान शिव को चंदन, अक्षत, बिल्व पत्र, धतूरा या आंकड़े के फूल, दूध, गंगाजल अर्पित करना चाहिए। इससे भगवान शिव खुश होते हैं।

- 108 बार महामृत्युंजय मंत्र का जाप करना चाहिए। इस मंत्र का जाप करने से सभी कष्ट दूर हो जाते हैं।

- इस दिन भगवान शिवजी को घी, शक्कर, गेंहू के आटे से बने प्रसाद का भोग लगाना चाहिए। इसके बाद धूप, दीप से आरती करें और प्रसाद का वितरण करें। यह उपाय करने से आपको शिव शंभू का आशीर्वाद प्राप्त होगा और मनोकामना पूरी होगी।