शाहपुर।(सांध्य दैनिक खबरवाणी) शासकीय काष्ठागार डिपो भौंरा सर्किल के अंतर्गत आने वाले ई-सेक्टर में नीलामी के लिए रखे लॉट नंबर 426 में लगे 30 से अधिक सागौन के ले को चोरी छिपे डिपो से बाहर कर दिए जाने का मामला सामने आया है। अधिकारियों के गोलमोल जवाब इसकी हकीकत बयां रहे हैं। बेशकीमती सागौन के ले इतने सुरक्षित स्थान से अचानक गायब होने में विभाग के अधिकारी-कर्मचारियों की मिलीभगत के कयास भी लगाए जा रहे हैं। विभाग के जिम्मेदार अधिकारी अब मामले की जांच की बात कह रहे हैं।

जानकारी के मुताबिक एक माह पहले शासकीय काष्ठागार डिपो भौंरा सर्किल के अंतर्गत आने वाले ई-सेक्टर में नीलामी के लिए रखे लॉट नंबर 426 में लगे लगभग 2 घनमीटर से अधिक के 30 सागौन के ले चोरी छिपे डिपो से बाहर कर दिए गए। इनकी अनुमानित कीमत एक से डेढ़ लाख रुपए हैं। लकड़ी माफिया की नजर इन सागौन के ले पर पड़ते ही उन्होंने अपनी कारगुजारी दिखा दी। इधर लोगों का कहना यह भी है कि इस अति सुरक्षित और निगरानी वाले डिपो से इतने बड़े पैमाने पर सागौन बाहर जाना विभागीय अधिकारी और कर्मचारियों की मिलीभगत के बिना संभव नहीं है। 

वन अधिकारी भी मान रहे

डिपो में सागौन के नीलामी के लिए आए लॉट की सुरक्षा की जिम्मेदारी वन विभाग के सेक्टर प्रभारी और अमले की थी, लेकिन अमले की तैनाती होने के बावजूद डिपो के अंदर से ले को चोरी कर लिया गया। यह बात समझ से परे हैं। विभागीय अधिकारी भी इस बात को मान रहे हैं कि बड़ी संख्या में सागौन के ले चोरी गए हैं।


इनका कहना...

ई-सेक्टर प्रभारी द्वारा मुझे जानकारी दी गई है कि उनके द्वारा रूटिन जांच में लॉट नंबर 426 के 30 नग ल_े कम पाए गए। यह अनुमानित 2 घन मीटर के आसपास के हैं। इस संबंध में मेरे द्वारा जांच कर वरिष्ठ अधिकारियों को प्रतिवेदन दिया जाएगा। 

बीएल साडार, काष्ठागार अधिकारी, भौंरा